हिमा ने एक महीने में 5वां गोल्ड मेडल जीतकर पूरे देश को गौरवान्वित किया है. 400 मीटर पार करने के लिए कुल 52.09 सेकेंड समय लेने वाली हिमा मात्र 19 वर्ष की हैं. बता दें कि ढिंग एक्सप्रेस के नाम से मशहूर 19 साल की हिमा इसी साल अप्रैल में एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 400 मीटर की दौड़ से पीठ दर्द की वजह से बाहर हो गई थीं. हिमा दास की इस उपलब्धि पर उन्हें बॉलीवड सेलेब्स बधाइयां दे रहे हैं.
हिमा ने एक महीने में 5वां गोल्ड मेडल जीतकर पूरे देश को गौरवान्वित किया है. 400 मीटर पार करने के लिए कुल 52.09 सेकेंड समय लेने वाली हिमा मात्र 19 वर्ष की हैं. बता दें कि ढिंग एक्सप्रेस के नाम से मशहूर 19 साल की हिमा इसी साल अप्रैल में एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 400 मीटर की दौड़ से पीठ दर्द की वजह से बाहर हो गई थीं. हिमा दास की इस उपलब्धि पर उन्हें बॉलीवड सेलेब्स बधाइयां दे रहे हैं.
अनिल कपूर ने लिखा, पांचवां स्वर्ण पदक जीतने के लिए बधाई. आसाम के प्रति आपकी दयालुता हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है. एक महान एथलीट एक स्वर्णिम हृदय के साथ. आने वाले समय में आपको इसी प्राकर से सफलता मिलती रहे.
निर्देशक शेखर कपूर ने हिमा को ‘सुपर गर्ल’ बताया. उन्होंने लिखा, सुपरगर्ल के लिए सब संभव है.
बिग बी ने बधाई देते हुए लिखा,’बधाई, बधाई, बधाई.. जय हिंद.. गर्व हम सबको आप पे हिमा दास जी, आपने भारत का नाम स्वर्ण अक्षरों से लिख दियाl’
कपिल शर्मा ने हिमा को स्टार बताते हुए कहा कि हिमा हमें आप पर गर्व है, छोटी लड़की. एक सितारे की तरह यू ही चमकती रहो.
ढिंग एक्सप्रेस के नाम से मशहूर 19 साल की हिमा इसी साल अप्रैल में एशियाई एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 400 मीटर की दौड़ से पीठ दर्द की वजह से बाहर हो गई थीं. इससे पहले हिमा ने इसी महीने 2, 6, 13 और 17 जुलाई 2019 को भी अलग-अलग अंतरराष्ट्रीय इवेंट के 200 मीटर दौड़ में चार गोल्ड मेडल अपने नाम किया था.
Read it also-क्या भारत के ‘भद्रलोक’ को नहीं पच रही है हिमा दास और दुति चंद की सफलता
दलित दस्तक (Dalit Dastak) एक मासिक पत्रिका, YouTube चैनल, वेबसाइट, न्यूज ऐप और प्रकाशन संस्थान (Das Publication) है। दलित दस्तक साल 2012 से लगातार संचार के तमाम माध्यमों के जरिए हाशिये पर खड़े लोगों की आवाज उठा रहा है। इसके संपादक और प्रकाशक अशोक दास (Editor & Publisher Ashok Das) हैं, जो अमरीका के हार्वर्ड युनिवर्सिटी में वक्ता के तौर पर शामिल हो चुके हैं। दलित दस्तक पत्रिका इस लिंक से सब्सक्राइब कर सकते हैं। Bahujanbooks.com नाम की इस संस्था की अपनी वेबसाइट भी है, जहां से बहुजन साहित्य को ऑनलाइन बुकिंग कर घर मंगवाया जा सकता है। दलित-बहुजन समाज की खबरों के लिए दलित दस्तक को ट्विटर पर फॉलो करिए फेसबुक पेज को लाइक करिए। आपके पास भी समाज की कोई खबर है तो हमें ईमेल (dalitdastak@gmail.com) करिए।